केंद्रीय मंत्री के ऑफिस में पहुंचा बिना हस्ताक्षर वाला पत्र, दो मोबाइल नंबर भी दर्ज; गृह सचिव से जांच और सुरक्षा बढ़ाने की मांग
स्नेहलता
केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के अध्यक्ष चिराग पासवान को मंगलवार, 1 सितंबर 2026 को जान से मारने की धमकी मिलने से हड़कंप मच गया। यह धमकी किसी फोन कॉल या सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए नहीं, बल्कि डाक से भेजे गए एक बिना हस्ताक्षर वाले पत्र के जरिए दी गई। पत्र मिलने के बाद उनके कार्यालय ने मामले को गंभीरता से लेते हुए केंद्रीय गृह सचिव को इसकी जानकारी दी और तत्काल जांच की मांग की।
पत्र में क्या लिखा था?
रिपोर्ट्स के मुताबिक, मंगलवार को मंत्रालय में पहुंची इस चिट्ठी में दो मोबाइल नंबर भी दर्ज थे। पत्र खोलने पर उसमें केंद्रीय मंत्री की जान को सीधे तौर पर धमकी दी गई। धमकी वाले हिस्से में अंग्रेजी में लिखा था—”You will be killed shortly by hardcore Terrorists” यानी ‘आपको जल्द ही कट्टर आतंकवादियों द्वारा मार दिया जाएगा।’
गृह सचिव को लिखी चिट्ठी
धमकी सामने आने के बाद चिराग पासवान के अतिरिक्त निजी सचिव की ओर से केंद्रीय गृह सचिव को पत्र भेजा गया। इसमें धमकी की उत्पत्ति, प्रामाणिकता और इसके पीछे की परिस्थितियों की तत्काल जांच कराने का अनुरोध किया गया है। साथ ही मंत्री की मौजूदा सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करने और जरूरत पड़ने पर उसे बढ़ाने की मांग भी की गई है।
कौन है धमकी के पीछे?
फिलहाल यह साफ नहीं है कि पत्र किसने भेजा और धमकी के पीछे उसका मकसद क्या था। जांच एजेंसियां पत्र के स्रोत और भेजने वाले की पहचान से जुड़े पहलुओं की जांच कर रही हैं। इसलिए अभी इस धमकी को वास्तविक आतंकी खतरे के रूप में प्रमाणित मानना जल्दबाजी होगी।
गौरतलब है कि चिराग पासवान को पहले से Z-कैटेगरी सुरक्षा प्राप्त है। धमकी भरे पत्र के बाद उनकी सुरक्षा को लेकर सतर्कता और बढ़ गई है। अब जांच में सबसे बड़ा सवाल यही है—डाक से आया यह खत किसने भेजा और क्या इसके पीछे कोई बड़ी साजिश है?




