मणिपुर के पूर्व CM के काफिले पर 2024 में हमले का मामला: NIA ने दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया

मणिपुर में 2024 के मुख्यमंत्री काफिला हमला मामले की जांच का प्रतीकात्मक दृश्य
एनआईए ने एनएच-37 पर जून 2024 में हुए काफिला हमले के मामले में दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह एआई तस्वीर है।

10 जून 2024 को एनएच-37 पर हुआ था हमला, साजिश की परतें खोलने के लिए दोनों आरोपियों को 8 दिन की पुलिस हिरासत

एम. रियाज़ हाशमी। नई दिल्ली

मणिपुर में मुख्यमंत्री के काफिले पर घात लगाकर किए गए हमले की जांच में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने दो और आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान जंगमिनलुन सिंगसन उर्फ फ्रैंकी (44) और थांगजोएल हाओकिप उर्फ थांगबोई (21) के रूप में हुई है। दोनों मणिपुर के चुराचांदपुर जिले के रहने वाले हैं। एनआईए के मुताबिक, दोनों पर मुख्यमंत्री के काफिले पर हुए सशस्त्र हमले की साजिश रचने और उसे अंजाम देने में सहयोग करने का आरोप है।एनआईए के अनुसार, दोनों आरोपियों को मणिपुर की विशेष अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें 8 दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया गया। इस मामले में अब तक चार आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। जांच एजेंसी का कहना है कि गिरफ्तार आरोपियों के अन्य साजिशकर्ताओं से संबंधों और हमले के पीछे की व्यापक साजिश का पता लगाने के लिए आगे की जांच जारी है।

मुख्यमंत्री के काफिले को निशाना बनाने की साजिश, दो सुरक्षाकर्मी हुए थे घायल

10 जून 2024 को एनएच-37 पर मुख्यमंत्री के काफिले पर क्या हुआ था?

यह हमला 10 जून 2024 को मणिपुर के कांगपोकपी जिले में राष्ट्रीय राजमार्ग-37 पर के. सिनाम गांव के पास हुआ था। एनआईए के मुताबिक, अज्ञात हथियारबंद हमलावरों ने मुख्यमंत्री के काफिले पर घात लगाकर हमला किया था। हमले में दो सुरक्षाकर्मी गंभीर रूप से घायल हुए थे और सरकारी वाहनों को भी नुकसान पहुंचा था।

मामले में शुरुआत में न्यू कीथेलमनबी थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। बाद में एनआईए ने 11 जुलाई 2024 को इस मामले को अपने हाथ में लेकर जांच शुरू की।हमले की प्रकृति और मुख्यमंत्री के काफिले को निशाना बनाए जाने के कारण जांच एजेंसी इसकी साजिश के पीछे शामिल लोगों की पहचान और उनके आपसी संबंधों की पड़ताल कर रही है।

जंगमिनलुन सिंगसन और थांगजोएल हाओकिप पर NIA का क्या आरोप है?

एनआईए की जांच में सामने आया है कि जंगमिनलुन सिंगसन और थांगजोएल हाओकिप की कथित भूमिका अन्य आरोपियों के साथ मिलकर हमले की योजना बनाने और उसे अंजाम देने में रही थी। एजेंसी के अनुसार, दोनों के संबंध इस साजिश में शामिल अन्य लोगों से भी जुड़े हुए हैं।

दोनों आरोपी इससे पहले एनआईए के एक अन्य मामले में भी गिरफ्तार किए जा चुके हैं। यह मामला दिल्ली में दर्ज एनआईए की एक अलग जांच से संबंधित है। अब मुख्यमंत्री के काफिले पर हमले के मामले में भी उन्हें गिरफ्तार किया गया है, ताकि हमले के पीछे की व्यापक साजिश और अन्य संलिप्त लोगों की भूमिका का पता लगाया जा सके।

एनआईए ने हालांकि यह स्पष्ट नहीं किया है कि दोनों आरोपियों की इस हमले में व्यक्तिगत भूमिका क्या थी, उनके पास से कोई हथियार या अन्य सामग्री बरामद हुई है या नहीं, अथवा हमले के लिए किस संगठन या समूह ने निर्देश दिए थे।

आठ दिन की पुलिस हिरासत में NIA किन संबंधों की जांच करेगी?

दोनों आरोपियों को विशेष अदालत से 8 दिन की पुलिस हिरासत मिलने के बाद अब एनआईए उनकी भूमिका, अन्य आरोपियों के साथ संपर्क और हमले की योजना बनाने में उनकी कथित भागीदारी की जांच करेगी।एजेंसी के मुताबिक, जांच का उद्देश्य हमले में शामिल अन्य लोगों की पहचान करना और उन्हें गिरफ्तार करना भी है। फिलहाल मामले में चार आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है, जबकि हमले के पीछे की पूरी साजिश का खुलासा होना बाकी है।