झारखंड: झारखंड में सरकारी कर्मचारियों पर गुड मॉर्निंग, नमोस्ते, प्रणाम, सत श्री अकाल या नमस्ते जैसे शब्दों से अभिवादन करने पर बैन लगा दिया गया है। अब सरकारी कर्मचारियों को जोहार शब्द से अभिवादन करना अनिवार्य कर दिया गया है।
सरकार के निर्देश पर झारखंड सरकार के प्रधान सचिव द्वारा जारी निर्देश में बताया गया है कि राजकीय कार्यक्रमों में, सरकारी समारोह में, गणमान्य अतिथियों के स्वागत के लिए जोहार शब्द से अभिवादन किया जाए। साथ ही दिए गए निर्देश के गाइडलाइन में बताया गया है कि अतिथियों के स्वागत के लिए पुष्पगुच्छ दिया जाए। जिसमें अकेला पुष्पा नहीं होना चाहिए। पौधा पुस्तक, शाल, मोमेंटो देकर स्वागत किया जाय। सरकारी निर्देश में बताया गया है कि झारखंड की पहचान एक जनजातीय बहुल राज्य के रूप में है। झारखंड राज्य की संस्कृति में जोहार बोलकर अभिवादन किए जाने का परंपरा है जो इस राज्य की विशिष्ट संस्कृति एवं समृद्धि परंपराओं को प्रतिबिंबित करता है। इसलिए राज्य के सभी अपर सचिव, सभी प्रधान सचिव ,सभी प्रमंडलीय आयुक्त, सभी विभागाध्यक्ष, सभी उपायुक्त राज्य सरकार द्वारा दिए गए निर्देशों का दृढ़ता पूर्वक अनुपालन सुनिश्चित करें। इसके लिए वे सरकारी कार्यक्रमों में जोहार शब्द से अभिवादन करें।
गौरतलब हो कि खतियानी जोहार यात्रा के दौरान चाईबासा में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने जनसभा को संबोधित करते हुए कहा था कि झारखंड में नमोस्ते, प्रणाम, सत श्री अकाल नहीं चलेगा । लोगों को यहां के अनुसार जोहार बोलकर अभिवादन करना होगा। उन्होंने बिहार और यूपी के लोगों को आड़े हाथों लेते हुए कहा था कि वे गुपचुप बेच कर दो तल्ला मकान बनाते हैं । यहां के लोग आज भी गरीब हैं । बाहर के लोगों ने झारखंड को लूटा है। वे बर्दाश्त नहीं करेंगे। एक तरह से उन्होंने चुनावी समर का बिगुल फूंका था और कोल्हान क्षेत्र के आदिवासी और जनजातीय लोगों के वोट बैंक पर निशाना साधने का प्रयास किया था।वहीं बीजेपी ने भी चुनावी बिगुल फूंकते हुए, विजन 2024 का विजय संकल्प दिवस के रूप में कार्यक्रम का आयोजन कर चुकी है ।अब बीजेपी और झारखंड मुक्ति मोर्चा यहां के लोगों के वोट पर अपनी पकड़ बनाने के लिए विभिन्न तरह के दावओं का खेलना शुरू कर दिया है। उसी के तहत अब सरकारी कर्मचारियों को जोहार शब्द से अभिवादन करने का निर्देश देकर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने एक तुरुप का पत्ता फैका है। देखना यह है कि इसका असर लोगों क्या पर पड़ता है।
झारखंड में सरकारी कर्मचारियों को जोहार शब्द से अभिवादन करना हुआ अनिवार्य
‘भारत जोड़ो यात्रा’ के समापन समारोह में 21 में से 9 पार्टियों ने की शिरकत
भारी बर्फबारी के बीच शेर-ए-कश्मीर क्रिकेट स्टेडियम में ‘भारत जोड़ो यात्रा’ का हुआ समापन
कांग्रेस ने आज रविवार को श्रीनगर स्थित शेर-ए-कश्मीर क्रिकेट स्टेडियम में ‘भारत जोड़ो यात्रा’ के समापन के अवसर पर एक मेगा रैली का आयोजन किया।

उड़ीसा के स्वास्थ्य मंत्री का इलाज के दौरान मौत, मुख्यमंत्री ने जांच के आदेश दिए
उड़ीसा के स्वास्थ्य मंत्री नाबो दास इलाज के दौरान अस्पताल में मृत्यु हो गई। वहीं मुख्यमंत्री बीजू पटनायक ने पूरे मामले की जांच के आदेश दिए है। जानकारी के अनुसार नाबो दास बीजू जनता दल के एक वरिष्ठ नेता थे। वे झारसुगुड़ा से विधायक थे और अपने क्षेत्र में से अनेक बार विधायक चुने जा चुके हैं। उनकी अपनी क्षेत्र में अच्छी पकड़ बताई जा रही है। वहीं आज दोपहर को सुरक्षा में तैनात एसआई गोपालदास ने ब्रजराजनगर में गोली मारकर जख्मी कर दिया था ।उनको इलाज के लिए एअरलिफ्ट कर भुनेश्वर के हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था। जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। उनकी मौत की सूचना से उनके विधानसभा क्षेत्र झारसुगुड़ा सहित पूरे राज्य में शोक की लहर दौड़ गई है। मुख्यमंत्री बीजू पटनायक ने मामले की जांच के लिए आदेश दिए हैं।
राष्ट्रपति भवन के मुगल गार्डन का नाम बदला, अब अमृत उद्यान के नाम से जाना जाएगा
केंद्र सरकार ने शनिवार को राष्ट्रपति भवन स्थित मुगल गार्डन का नाम बदल दिया है और इसका नया नाम अमृत उद्यान कर दिया है। यह नाम भारत की आजादी के 75 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में अमृत महोत्सव की थीम के मद्देनजर केंद्र सरकार ने मुगल गार्डन बदलकर अमृत उद्यान किया है।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू कि डिप्टी प्रेस सचिव नविका गुप्ता ने कहा कि, “स्वतंत्रता के 75 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने राष्ट्रपति भवन उद्यान को अमृत उद्यान का नाम दिया है। अमृत उद्यान का उद्घाटन रविवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा किया जाएगा। और 31 जनवरी से 26 मार्च तक यह उद्धान दो महीने के लिए खुला रहेगा।“
आपको बता दें, राष्ट्रपति भवन स्थित अमृत उद्यान पर्यटकों के लिए आकर्षण का एक बड़ा केंद्र है। यहा पर मुगल और ब्रिटिश दोनों के उद्यानों की झलक मिलती है। उस उद्यान में पौधारोपण में करीब एक साल का समय लगा था।
राजस्थान के भीलवाड़ा में बोले पीएम मोदी – प्रधानमंत्री नहीं भगवान देवनारायण का भक्त आया है…
राजस्थान के भीलवाड़ा में भगवान देवनारायण की 1111 वीं जयंती समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शामिल हुए। इस मौके पर पीएम मोदी ने कहा कि, यहां कोई पीएम नहीं आया, मैं पूरे भक्ति भाव से एक यात्री के रूप में आशीर्वाद लेने आया हूं। अभी मुझे यज्ञशाला में पूर्ण आहुति देने का सौभाग्य मिला जो कि मेरे लिए ये भी सौभाग्य का विषय है कि मुझ जैसे सामान्य व्यक्ति को आज आपके बीच आकर भगवान देवनारायण का आशीर्वाद लेने का पुण्य मिला।
उन्होने आगे कहा कि, भारत सिर्फ एक भू-भाग नहीं है, बल्कि हमारी सभ्यता की, सभ्यता की, सद्भावना की, संभावना की एक अभिव्यक्ति है। दुनिया की अनेक सभ्यताएं समय के साथ समाप्त हो गर्इं, परिवर्तनों के साथ खुद को ढाल नहीं पार्इं। भारत को भौगोलिक, सांस्कृतिक, सामाजिक और वैचारिक रूप से तोड़ने के बहुत प्रयास हुए। लेकिन भारत को कोई भी ताकत समाप्त नहीं कर पार्इ।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आग कहा कि बीते 8-9 वर्षों से देश समाज के हर उस वर्ग को सशक्त करने का प्रयास कर रहा है, जो उपेक्षित रहा है, वंचित रहा है। भगवान देवनारायण ने जो रास्ता दिखाया है, वो सबके साथ से सबके विकास का है। और आज देश इसी रास्ते पर चल रहा है।
उन्होंने आगे कहा कि पिछले वर्ष स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर मैंने लाल किले से पंच प्राणों पर चलने का आग्रह किया था उद्देश्य यही है कि हम सभी अपनी विरासत पर गर्व करें, गुलामी की मानसिकता से बाहर निकलें और देश के लिए अपने कर्तव्यों को याद रखें। और आज किसान को आज हर संभव मदद मिल रही हैं। छोटा किसान कभी सरकार की मदद के लिए तरसता था उसे भी पहली बार पीएम किसान सम्मान निधि से सीधी मदद मिल रही है। भगवान देवनारायण ने गौ सेवा को समाज सेवा और सशक्तिकरण का माध्यम बनाया था। बीते कुछ वर्षों से देश में गौ सेवा का भाव निरंतर सशक्त हुआ है।
भारतीय वायुसेना के दो विमान एसयू-30 और मिराज-2000 दुर्घटनाग्रस्त, दो पायलट घायल एक का अभी पता नहीं
भारतीय वायुसेना के दो लड़ाकू विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गए हैं। इनमें एक सुखोई एसयू-30 और एक मिराज-2000 एक प्रशिक्षण अभ्यास के दौरान मध्य प्रदेश में दुर्घटनाग्रस्त हुए हैं। तीन में से दो पायलट का पता चला है दोनों पायलट घायल है और अस्पताल में भर्ती कराया जा रहा है।
खोज और बचाव अभियान जारी है। इन दोनों फाइटर जेट्स ने ग्वालियर एयरफोर्स बेस से उड़ान भरी थी। और मुरैना में स्थानीय लोगों द्वारा शूट किए गए वीडियो में विमान का मलबा जमीन पर पड़ा दिख रहा है।
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने ट्वीट कर कहा कि, मुरैना के कोलारस के पास वायुसेना के सुखोई-30 और मिराज-2000 विमानों के दुर्घटनाग्रस्त होने की खबर अत्यंत दुखद है। मैंने स्थानीय प्रशासन को त्वरित बचाव एवं राहत कार्य में वायु सेना के सहयोग के निर्देश दिए हैं। विमानों के पायलट के सुरक्षित होने की ईश्वर से कामना करता हूं।“
सूत्रों के अनुसार रक्षा मंत्रालय का कहना है कि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह को भारतीय वायु सेना के दो विमानों के दुर्घटनाग्रस्त होने पर वायु सेना प्रमुख द्वारा मामले की जानकारी दी गर्इ हैं। रक्षा मंत्री ने भारतीय वायुसेना के पायलटों की कुशलता के बारे में जानकारी ली और घटनाक्रम की बारीकी से निगरानी कर रहे हैं। उन्होंने कलेक्टर से भी बात की है अभी तक 3 पायलटों में से 2 का पता चल पाया है दोनों पायलट घायल है और उन्हें अस्पताल भेजा जा रहा हैं।
भारत जोड़ो यात्रा: कोई सुरक्षा चूक नहीं हुई -जम्मू-कश्मीर पुलिस
कांग्रेस नेता राहुल गांधी की ‘भारत जोड़ो यात्रा’ जम्मू-कश्मीर पहुंच चुकी है और कांग्रेस ने राहुल गांधी की सुरक्षा में चूक का आरोप लगाया था। इसी पर शुक्रवार को जम्मू-कश्मीर पुलिस का कहना है कि आयोजकों ने यात्रा को 1 किमी के बाद रोकने पर कोई निर्णय लेने से पहले उससे परामर्श नहीं लिया था।
जम्मू-कश्मीर पुलिस ने ट्वीट कर कहा कि, “आयोजकों ने 1 किमी की यात्रा आयोजित करने के बाद यात्रा को रोकने के बारे में कोई निर्णय लेने से पहले जेकेपी से परामर्श नहीं किया था। बाकी यात्रा शांतिपूर्वक जारी रही। सुरक्षा में कोई चूक नहीं हुई। हम पुख्ता सुरक्षा प्रदान करेंगे।”
वहीं पुलिस ने कहा है कि, आयोजकों द्वारा सत्यापित व्यक्तियों की तलाशी लेने के बाद ही भीड़ को यात्रा के मार्ग की ओर जाने की अनुमति दी गयी थी। भारत जोड़ो यात्रा के आयोजकों और प्रबंधकों ने यात्रा में बनिहाल से शामिल होने वाली बड़ी भीड़ के बारे में सूचित नहीं किया था। भीड़ शुरुआती बिंदु के पास ही उमड़ पड़ी थी।
पुलिस ने आगे कहा कि, सीएपीएफ की 15 कंपनियों और जेकेपी की 10 कंपनियों सहित पूरे सुरक्षा इंतजाम थे इनमें आरओपी और क्यूआरटी शामिल थे। रूट डोमिनेशन, लेटरल डिप्लॉयमेंट और एसएफ को हाई-रिज पर तैनात किया गया था।“
आपको बता दें, कांग्रेस प्रभारी रजनी पाटिल ने शुक्रवार को जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में कांग्रेस नेता राहुल गांधी के नेतृत्व वाली ‘भारत जोड़ो यात्रा’ में सुरक्षा चूक का आरोप लगाया था। और केंद्र शासित प्रदेश के प्रशासन पर भीड़ को प्रबंधित करने में विफल रहने का आरोप लगाया था। रजनी पाटिल ने घटनास्थल की एक तस्वीर के साथ ट्वीट भी किया था।
रजनी पाटिल ने ट्वीट कर कहा कि, “जम्मू-कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश प्रशासन राहुल गांधी के नेतृत्व वाली भारत जोड़ो यात्रा को सुरक्षा प्रदान करने में विफल रहा है। सुरक्षा में चूक यूटी प्रशासन के अनुचित रवैये का संकेत देती हैं।“
राजस्थान के गुर्जरों के प्रमुख क्षेत्र का दौरा करेंगे पीएम मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी विधानसभा चुनाव से पहले शनिवार को भगवान देव नारायण की 1111 वीं जयंती पर राजस्थान के भीलवाड़ा जिले के मालासेरी पहुंचेंगे। मालासेरी भगवान देवनारायण का जन्म स्थान माना जाता है और इस क्षेत्र में रहने वाले गुर्जरों के लिए पूजनीय हैं।
बता दें, पीएम मोदी की इस यात्रा के राजनीतिक तौर पर कई मायने निकाले जा रहे है। क्योंकि कांग्रेस और भाजपा दोनों ही के लिए समर्थन का बड़ा स्त्रोत रहे हैं व दोनों ही पार्टियां उनका समर्थन पाने के लिए अपनी पूरी ताकत झोंक रही हैं।
यदि बात की जाए पिछले चुनाव की तो भाजपा ने गुर्जर समुदाय के 9 लोगों को टिकट दिया था। किंतु इन सभी को चुनाव में हार का सामना करना पड़ा था। पीएम मोदी की यात्रा धार्मिक कार्यक्रम के जरिये गुर्जरों के बैंक तक पहुंच बनाने का भाजपा का सियासी दांव प्रतीत होता है।
आपको बता दें, गुर्जरों की राज्य में लगभग 9 प्रतिशत से 12 प्रतिशत की आबादी है। और पूर्वी राजस्थान में 40 से 50 विधानसभा सीटों पर उनका अच्छा खासा असर हैं। गुर्जरों में आरक्षण के लिए हिंसक विरोध प्रदर्शन कर चुके हैं और कांग्रेस नेता राहुल गांधी की ‘भारत जोड़ो यात्रा’ के राज्य में प्रवेश को रोकने की धमकी भी दे चुके है।
राहुल गांधी की कश्मीर में अचानक हटाई गई सुरक्षा, ‘भारत जोड़ो यात्रा’ फिलहाल स्थगित- कांग्रेस
कांग्रेस पार्टी ने आरोप लगाया है कि कश्मीर में राहुल गांधी की ‘भारत जोड़ो यात्रा’ से अचानक सुरक्षा हटा ली गई हैं। कांग्रेस ने कहा कि यात्रा के दौरान पुलिस सुरक्षा व्यवस्था ध्वस्त हो गयी और टनल से निकलने के बाद पुलिसकर्मी नहीं दिखे।
राहुल गांधी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि, “आज यात्रा के दौरान पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था ध्वस्त हो गई। टनल से निकलने के बाद पुलिसकर्मी नहीं दिखे। मेरे सुरक्षाकर्मियों ने कहा कि हम और नहीं चल सकते। मुझे अपनी यात्रा रोकनी पड़ी। बाकी लोग यात्रा कर रहे थे। भीड़ को काबू करना प्रशासन की जिम्मेदारी है।”
कांग्रेस सांसद केसी वेणुगोपाल ने ट्वीट कर कहा कि, “यहां संबंधित एजेंसियों ने सुरक्षा व्यवस्था को दुरूस्त नहीं किया है। पिछले 15 मिनट से यहां भारत जोड़ो यात्रा के साथ कोई सुरक्षा अधिकारी नहीं है। यह गंभीर चूक है राहुल गांधी और अन्य यात्री बिना किसी सुरक्षा के नहीं चल सकते।”
जम्मू-कश्मीर और लद्दाख की कांग्रेस प्रभारी रजनी पाटिल ने ट्वीट कर कहा कि, “जम्मू-कश्मीर प्रशासन राहुल गांधी के नेतृत्व वाली भारत जोड़ो यात्रा को सुरक्षा प्रदान करने में विफल रहा है। सुरक्षा चूक केंद्र शासित प्रदेश प्रशासन के अनुचित और प्रस्तुत रवैये का संकेत देती है।”
कांग्रेस का कहना है कि राहुल गांधी को शुक्रवार को 11 किलोमीटर पैदल चलना था। लेकिन मुश्किल से 500 मीटर चलने के बाद उन्हें रूकना पड़ा। बता दें, भारत जोड़ो यात्रा इससे पहले आज सुबह जम्मू-कश्मीर के बनिहाल से आगे बढ़ी। इस दौरान, बड़ी संख्या में तिरंगा थामे कांग्रेस कार्यकर्ता और नेता राहुल के साथ पदयात्रा करते नजर आए। वहीं बनिहाल में जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री और नेशनल कांफ्रेंस के उपाध्यक्ष उमर अब्दुल्ला भी भारत जोड़ो यात्रा में शामिल हुए।










