
सुजीत ठाकुर, नई दिल्ली।
हरदीप सिंह पुरी को उत्तर प्रदेश से फिर राज्यसभा भेजेगी भाजपा?
केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी उत्तर प्रदेश से राज्यसभा के लिए नामांकन करेंगे। उनके नाम पर भाजपा के शीर्ष नेतृत्व ने हरी झंडी दे दी है। संसदीय बोर्ड और केंद्रीय चुनाव समिति की बैठक में उसकी औपचारिकता बाद में पूरी की जाएगी।
भाजपा के एक वरिष्ठ नेता ने इस बात की पुष्टि की है कि हरदीप सिंह पुरी का नाम फाइनल हो गया है। उनका मौजूदा कार्यकाल 25 नवंबर को समाप्त हो रहा है। उत्तर प्रदेश से राज्यसभा के दस सदस्यों के चुनाव होना है। पुरी इसी राज्य से राज्यसभा के सदस्य हैं। वह केंद्र सरकार में पेट्रिलयम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय के मंत्री है।
यूपी की 10 राज्यसभा सीटों के चुनाव में पुरी का नाम क्यों अहम है?
राज्सभा सदस्यों के लिए चुनाव अधिसूचना मंगलवार को जारी हो गई। लंबे समय से यह कयास लगाए जा रहे थे कि मोदी सरकार में इस समय जो मंत्री हैं यदि उनका राज्यसभा का कार्यकाल समाप्त होता है तो उनकी छुट्टी मंत्रीमंडल से हो जाएगी। जैसे रवनीत सिंह बिट्टू के साथ हुआ। उनका राज्यसभा का कार्यकाल समाप्त हो गया और उन्होंने अपना इस्तीफा दे दिया। इसके बाद उन्हे पार्टी ने पंजाब के चुनाव तैयारी में लगा दिया। हरदीप सिंह पुरी को लेकर भी यही कयास लगाए जा रहे थे। लेकिन ऐसा नहीं हुआ। उन्हे उत्तर प्रदेश से ही राज्यसभा में भेजने की सहमति पार्टी में बन गई है।
पुरी को दोबारा मौका देने के पीछे भाजपा नेता ने क्या वजह बताई?
भाजपा के एक वरिष्ठ नेता का कहना है कि जिस तरह से अमेरिका-इरान के युद्ध के बीच भी उन्होंने पेट्रोलियम मंत्रालय को संभाला और मूल्य को नियंत्रित रखा वह काफी बड़ी बात है। उन्होंने पूरे संकट के समय काफी सूझबूझ और कूटनीति से काम चलाया और अंतरराष्ट्रीय तेल आपूर्ति करने वाले देशों के साथ आयात का दायरा बढ़ाया। चूंकि हरदीप सिंह पुरी प्रशासनिक अधिकारी रहे हैं और कई देशों में उनकी तैनाती रही है इस लिहाज से उन पर पीएम ने एक बार फिर से भरोसा जताया है।


