चमोली/नई दिल्ली।
चमोली के प्रसिद्ध धाम Shri Badrinath Dham के कपाट गुरुवार सुबह सवा छह बजे श्रद्धालुओं के दर्शन के लिए खोल दिए गए। वैदिक मंत्रोच्चार और विधि-विधान के साथ जैसे ही कपाट खुले, पूरा परिसर जयकारों से गूंज उठा। इस ऐतिहासिक पल के गवाह लगभग 15 हजार श्रद्धालु बने जिन्होंने अखंड ज्योति के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। कपाट खुलने के साथ ही उत्तराखंड की विश्व प्रसिद्ध चारधाम यात्रा ने अपनी पूरी गति पकड़ ली है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कपाट उद्घाटन के अवसर पर धाम पहुंचकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नाम से पहली Mahabhishek Puja संपन्न की। मुख्यमंत्री ने भगवान बद्री विशाल से देश और प्रदेश की खुशहाली की कामना की। उन्होंने मंदिर परिसर में स्थित अन्य देवी-देवताओं की भी पूजा-अर्चना की। मुख्यमंत्री ने स्वयं Devotees का स्वागत किया और उनसे सुविधाओं के बारे में Feedback लिया। सरकार ने इस बार यात्रा को सुरक्षित और सुगम बनाने के लिए व्यापक इंतजाम किए हैं। उन्होंने श्रद्धालुओं से यात्रा के दौरान स्वच्छता बनाए रखने और Environmental Conservation में सहयोग देने की अपील भी की।
कपाट खुलने के दौरान बद्रीनाथ धाम में लोक संस्कृति का अद्भुत नजारा देखने को मिला। माणा और बामणी गांव की महिलाओं ने पारंपरिक जागर गाए और झुमैलो नृत्य किया। श्रद्धालुओं ने भजन-कीर्तन कर पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। मुख्यमंत्री ने इस मौके पर एक विशाल भंडारे का शुभारंभ किया और खुद भी श्रद्धालुओं के साथ बैठकर प्रसाद ग्रहण किया। District Administration की ओर से जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक सहित सभी वरिष्ठ अधिकारी व्यवस्थाओं को सुचारू बनाने के लिए मौजूद रहे। बद्रीनाथ धाम में अब अगले छह महीनों तक देश-दुनिया से आने वाले भक्त भगवान के दर्शन कर सकेंगे।




