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कश्मीर, हिमाचल में बर्फबारी

फोटो : वासु अहलूवालिया

जम्मू कश्मीर और हिमाचल समेत बर्फबारी वाले राज्यों में गुरूवार को भारी बर्फबारी हुई है जिससे आम जनजीवन ठप्प हो गया है। कई जगह रास्ते बंद हो गए हैं और लोगों को बड़ी दिक्कत झेलनी पद रही है। राजधानी दिल्ली में सुबह से बादल छाये हुए हैं जबकि चंडीगढ़ में बारिश हुई है।

जानकारी के मुताबिक हिमाचल में बर्फबारी और बारिश का क्रम बुधवार से चल रहा है और ऊंची चोटियों पर बर्फ गिर रही है। निचले इलाकों में बारिश का दौर चला हुआ है। बिगड़े मौसम के चलते प्रदेश में शीतलहर तेज हो गई है। बर्फबारी और बारिश से तापमान में गिरावट आई है।

दुर्गम इलाकों किन्नौर, लाहुल-स्पीति चंबा के ऊंचाई वाले इलाके और धौलाधार की ऊंची चोटियां बर्फबारी से सराबोर हो गई है। रोहतांग दर्रे में ढाई फीट ताजा बर्फबारी हुई है। मढी में डेढ़, गुलाबा में एक फुट, सोलंग नाला, पलचान कोठी में आधा फुट ताजा बर्फबारी हुई है। ऊंचाई वाले क्षेत्रों में ताजा बर्फ़बारी आम जनजीवन प्रभावित हुआ है। कई इलाकों में यातायात प्रभावित हो गया है।

मौसम विभाग ने पश्चिमी विक्षोभ के एक बार फिर सक्रिय होने और पहाड़ों में जमकर बर्फबारी की संभावना जताई है। मनाली स्थित स्नो एंड एवालांच स्टडी एस्टैबलिशमेंट ने पांच जिलों- चंबा, लाहुल-स्पीति, शिमला, किन्नौर और कुल्लू में हिमस्खलन की चेतावनी भी जारी की है।

कुल्लू और चंबा में प्रशासन ने अलर्ट जारी किया है और लोगों को एहतियात बरतने की सलाह दी है।

राजधानी दिली में सुबह से घने बादल छाये हुए हैं और तेज हवा चल रही है। राजधानी  बुधवार को हल्की गर्मी के बाद आज ठण्ड है। चंडीगढ़ में भी बारिश हुई है जिससे वहां तापमान में गिराबट आई है।

रेपो दर घटाई आरबीआई ने

भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने गुरुवार को हुई मॉनिटरिंग कमेटी की गुरूवार को हुई बैठक में रेपो दर घटाने का फैसला किया गया है। रेपो रेट में २५ बेसिस प्वाइंट की कमी की गई है जिसके बाद यह घट कर  ६.२५ फीसदी पर आ गई हैं।

रिपोर्ट्स के मुताबिक इससे पहले पिछले साल अगस्त में आरबीआई ने रेपो दर को ०.२५ प्रतिशत बढाकर ६.५० प्रतिशत कर दिया था। इसी दर पर वह बैंकों को एक दिन के लिए उधार देता है। आपको बता दें कि रेपो रेट घटने  और बढ़ने से बैंकों का कर्ज महंगा या सस्ता होता है। यह आरबीआई के नए गवर्नर शक्तिकांत दास की अध्यक्षता में मौद्रिक नीति समीक्षा की पहली बैठक बैठक थी।

अब रेपो रेट घटने से क़र्ज़ सस्ता हो जाएगा। रेपो रेट ही वह दर होती है जिस पर बैंकों को आरबीआई कर्ज देता है। बैंक इस कर्ज से ग्राहकों को लोन देते हैं।  अब रेपो रेट काम होने से होम लोन, व्हीकल लोन आदि सस्ते हो जायेंगे।

बैठक के बाद गवर्नर शक्तिकांत दास ने मीडिया से बातचीत मन जानकारी दी – ”वर्ष २०१९-२० के लिए वृद्धि दर के लक्ष्य को ७.४ फीसदी पर बरकरार रखा गया है। वर्ष २०१९-२० के पहले छह महीनों में मुद्रास्फीति की दर ३.२ -३.४ फीसदी रहने का अनुमान है और तीसरी तिमाही में इसके ३.९ फीसदी रहने का अनुमान है। चौथी तिमाही के लिए मुद्रास्फीति के लक्ष्य को घटाकर २.८  फीसदी किया गया है।”

वाड्रा ईडी आफिस पहुंचे

बुधवार को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की पांच घंटे की पूछताछ के बाद व्यवसायी राबर्ट वाड्रा गुरूवार को फिर पूछताछ के लिए ईडी पहुँच गए हैं। कल उनकी पत्नी कांग्रेस की महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा उन्हें ईडी आफिस ड्राप करने आईं थीं, हालांकि आज राबर्ट अपने एक वकील के साथ ईडी पहुंचे।

ईडी उन्हें कथित धनशोधन मामले में पूछताछ के लिए दो दिन से बुला रहा है। आज राबर्ट लगातार दूसरे दिन ईडी बुलाये गए हैं। राबर्ट के पहुंचने से पहले कार्ति चिदंबरम समेत अन्य वकील ईडी के ऑफिस में मौजूद थे। वाड्रा से विदेशों में बेनामी संपत्ति मामले में पूछताछ होगी।

गौरतलब है कि वाड्रा बुधवार को शाम चार बजे ईडी के दफ्तर आये थे और उनसे रात साढ़े नौ बजे तक पूछताछ हुई थी। ईडी अफसरों ने करीब साढ़े पांच  घंटे उनसे ४२ सवाल पूछे। अफसरों ने विदेशों में बेनामी संपत्तियों को लेकर वाड्रा से पूछताछ की थी।

इससे पहले राबर्ट ने गिरफ्तारी से बचने के लिए कोर्ट में अर्जी लगाई थी। उनकी इस अपील पर कोर्ट ने उन्हें १६ फरवरी तक गिरफ्तारी से छूट दी थी। साथ ही कहा था कि वाड्रा को छह फरवरी को ईडी के सामने पूछताछ के लिए पेश होना होगा। जानकारी के मुताबिक बुधवार को ईडी के सात अफसरों ने वाड्रा से उनके वकील की मौजूगी में लंदन में जमीनों-बंगलों की खरीद-फरोख्त को लेकर सवाल पूछे। ईडी ने ४२ सवाल तैयार किए थे। अफसर सवालों के लिखित जवाब चाहते थे, लेकिन वाड्रा ने कुछ सवालों के जवाब लिखित में देने से मना कर दिया।

वाड्रा से पोछे गए सवालों में उनके मनोज और भंडारी को जानने से लेकर था जिसपर उन्होंने कहा कि अरोड़ा उनका कर्मचारी था, लेकिन अब नहीं है। वे  भंडारी को नहीं जानते। अरोड़ा की ईमेल आईडी से उनकी ईमेल आईडी पर प्रॉपर्टी की डिटेल समेत पैसों के लेन-देन तक की बातें और उनकी आईडी से लगातार कम्युनिकेशन पर वाड्रा ने कहा कि नहीं, उन्होंने कभी ईमेल नहीं किया, सवाल कि क्या आपके व्यापारिक संबंध संजय भंडारी के चचेरे भाई शिखर चड्ढा के साथ थे पर वाड्रा ने कहा कि नहीं।

उन पूछा गया कि क्या लंदन की प्रॉपर्टी आपकी है? इसके अलावा भी वहां कई संपत्तियां हैं तो वाड्रा का जवाब था, उनके पास लंदन में कोई संपत्ति नहीं है।

मुज्जफरनगर शेल्टर होम केस दिल्ली तब्दील

एक बड़े फैसले में सर्वोच्च न्यायालय ने गुरूवार को मुज़्ज़फरनगर शेल्टर होम मामले को दिल्ली ट्रांसफर कर दिया है। बच्चों से वहां हुए अपराध और बिहार सरकार के वकील की तरफ से कोर्ट में जानकारियां उपलब्ध न करवाने से खफा प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई ने बहुत नाराजगी जताते हुए छह महीने के भीतर इस शेल्टर होम से जुड़े मामले को पूरा करने के निर्देश दिल्ली के साकेत पोस्को कोर्ट को दिए हैं, जहाँ यह मामला अब चलेगा।
न्यायालय में बेच ने बिहार सरकार के वकील से शेल्टर होम से जुडी तमाम जानकारी उपलब्ध न करवाने के बाद बहुत सख्त रुख दिखाते हुए इस मामले को दिल्ली तब्दील कर दिया। वकील से पूछा गया था कि बिहार के होम्स में कितने बच्चे हैं ? इनमें कितने लड़के और कितनी बालिकाएं हैं ? शेल्टर होम्स को दिए जाने वाले फंड और उसके खर्चे से जुडी जानकारी भी माँगी गयी थी, लेकिन बिहार सरकार के वकील की तरफ से इनपर कोइ भी संतोषजनक जवाब नहीं आया।  इससे प्रधान न्यायाधीश बहुत नाराज हुए और उन्होंने इस मामले को तत्काल प्रभाव से दिल्ली तब्दील करने के निर्देश दिए।
प्रधान नयायाधीश ने अब निर्देश दिए हैं कि यह मामला अब साकेत की पोस्को कोर्ट में चलेगा और छह महीने के भीतर इसे पूरा करना होगा। साथ ही उन्होंने इस मामले में बिहार सरकार की काहिली पर उसे जमकर फटकार लगाई है। जस्टिस गोगोई ने साफ़ कहा कि जो भी इस मामले में जिम्मेवार हैं,  वे बच नहीं सकेंगे।

कश्मीर में दो आतंकी घटनाएं

दक्षिणी कश्मीर के पुलवामा जिले के चकोरा गांव में सुरक्षाबलों और आतंकवादियों के बीच मुठभेड़ में बुधवार शाम एक आतंकी को ढेर कर दिया गया।

रिपोर्ट्स के मुताबिक मुठभेड़ तब शुरू हुई जब जम्मू कश्मीर पुलिस की स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप और सेना के ५५ राष्ट्रीय राइफल्स ने आतंकियों के छिपे होने की सूचना मिलने के बाद इलाके को सीआरपीएफ के साथ घेर लिया।

सुरक्षाबलों की तरफ से तलाशी अभियान चल ही रहा था कि एक घर में छिपे आतंकवादियों ने सुरक्षाबलों पर गोलियां चलानी शुरू कर दीं। जवाब में सुरक्षाबलों ने भी फायरिंग शुरू कर दी। सुरक्षाबलों की फाइरिंग में लश्कर का  जिला कमांडर इरफान अहमद शेख ढेर हो गया। रिपोर्ट्स के मुताबिक वह चकोरा का रहने वाला है और पिछले दो साल से इलाके में सक्रिय था।

उधर एक अन्य घटना में दक्षिण कश्मीर के कुलगाम जिले के लारू इलाके में सीआरपीएफ कैंप पर बुधवार को संदिग्ध आतंकवादियों ने ग्रेनेड फेंक दिया।  इस हमले में सीआरपीएफ का एक जवान घायल हो गया है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक कुछ आतंकवादियों ने लारू क्षेत्र में १८ बटालियन के सीआरपीएफ शिविर पर ग्रेनेड फेंका, जिससे सीआरपीएफ के एक जवान को चोटें आईं। घायल सीआरपीएफ कर्मियों को आगे के इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती किया गया है।

पेंशन पर यूपी के २० लाख कर्मी हड़ताल पर

पुराणी पेंशन योजना की बहाली की मांग के साथ उत्तर प्रदेश सरकार के करीब २० लाख कर्मचारी बुधवार को हड़ताल पर चले गए। कर्मचारी राज्य की नई पेंशन योजना का विरोध कर रहे हैं, जिसमें सरकार का हिस्सा १० फीसदी से बढ़ाकर १४ फीसदी करने का प्रस्ताव है।

हालांकि योगी सरकार को कर्मचारियों का यह रुख रास नहीं आया है और उसने हड़ताल को गलत बताते हुए हड़ताली पर गए कर्मचारियों के खिलाफ आवश्यक सेवा अनुरक्षण कानून (एस्मा) लगाने का फैसला किया है। बुधवार से शुरू हुई हड़ताल के बाद राज्य की राजधानी में कई सरकरी कार्यालय खाली नजर आए या बंद रहे।

रिपोर्ट्स के मुताबिक प्रदर्शनों के बीच यूनियन नेता बुधवार सुबह कार्यालयों के बाहर इकठ्ठा हुए। योगी सरकार के खिलाफ शुरू हुए इस राज्यव्यापी आंदोलन में करीब १५० कर्मचारी संगठनों के शामिल होने की बात कही जा रही है।

सभी यूनियन के प्रतिनिधि समूह के संयोजक हरि किशोर तिवारी ने बताया कि यदि उनकी मांगें नहीं मानी गई तो हड़ताल १२ फरवरी तक जारी रहेगी। उन्होंने कहा कि आम लोगों के स्वास्थ्य का ध्यान रखते हुए शुरुआती दिनों में स्वास्थ्य और ऊर्जा क्षेत्र के कर्मचारी इन प्रदर्शनों में शामिल नहीं होंगे।

नेपाल में भारतीयों के लिए वर्क परमिट अब ज़रूरी

भारत और नेपाल के बीच रिश्ते खराब होने की कगार पर दिख रहे हैं। नेपाल ने एक कड़ा कदम उठाते हुए भारतीयों के लिए देश में किसी भी तरह की नौकरी के लिए वर्क परमिट अब ज़रूरी कर दिया है।

नेपाल के लेबर एंड ऑक्यूपेशनल सेफ्टी डिपार्टमेंट ने आदेश जारी करते हुए बताया है कि हम जानना चाहते हैं कि कितने भारतीय नेपाल में काम कर रहे हैं। एक रिपोर्ट के मुताबिक एक ही महीने पहले नेपाल ने भारत की नई करेंसी के चलन पर भी रोक लगा दी थी और बीते कुछ सालों से लगातार उसका रुख भारत के खिलाफ होता नज़र आ रहा है।

रिपोर्ट्स के मुताबिक अब नेपाल में भारतीय कामगारों को बिना परमिट के काम करने की इजाजत नहीं होगी। दरअसल, नेपाल सरकार ने वहां पर उद्योगों, कंपनियों और अन्य संस्थानों में काम करने वाले भारतीय नागरिकों के लिए वर्क परमिट अनिवार्य कर दिया है। नेपाल के श्रम और व्यावसायिक सुरक्षा विभाग ने बुधवार को देशभर में अपने दफ्तरों को आदेश जारी करते हुए कहा कि देश के अलग-अलग सेक्टर्स में काम करने वाले सभी भारतीय कामगारों के वास्तविक संख्या बताने के लिए कहा है।

इस रिपोर्ट के मुताबिक विभाग के आदेश में कहा गया है – ”कंपनियों में भारतीय वर्करों की जांच करके अपडेट कर दिया जाएगा और अगर उनके पास वर्क परमिट नहीं होगा तो संस्थान को बता दिया जाएगा कि वे इनका वर्क परमिट ले लें।” रिपोर्ट में कहा गया है कि अभी तक भारत और नेपाल में विशेष संधि के तहत भारतीय नागरिकों को नेपाल में और नेपाली नागरिकों को भारत में काम करने के लिए किसी तरह के परमिट की जरूरत नहीं पड़ती थी।

गौरतलब है कि साल २०१५ में नेपाल ने नया संविधान लागू किया था। ये संविधान २० सितंबर को जारी हुआ और २१ सितंबर की रात से ही नेपाल की नाकेबंदी कर दी गई। नेपाली जनता ने इसे नाराज़गी में उठाया गया भारत सरकार का कदम माना, हालांकि, भारत सरकार का कहना था कि संविधान से असंतुष्ट मधेसी जनता ने यह कदम उठाया है।

भारत सरकार के विदेश सचिव जयशंकर ने सितम्बर २०१५ में नेपाल जाकर प्रमुख राजनीतिक दलों के नेताओं से मिलकर ये कहा था कि जब तक मधेस जनता नाराज़ है तब तक संविधान लागू करने का काम टाल दिया जाना चाहिए। कुछ भाजपा नेताओं ने नेपाल के संविधान से ”धर्मनिरपेक्षता” शब्द निकालने का भी सुझाव दिया था जिस पर नेपाली पीएम प्रचंड ने ध्यान नहीं दिया था।

नागरिकता बिल: सीएम संगमा की एनडीए को चेतावनी

विवादित नागरिकता (संशोधन) विधेयक, २०१६ को लेकर मेघालय के मुख्यमंत्री कॉनराड संगमा ने भाजपा से सम्बन्ध विच्छेद के संकेत दिए हैं।

मेघालय के मुख्यमंत्री और नेशनल पीपुल्स पार्टी के अध्यक्ष कॉनराड संगमा ने कहा कि उनकी पार्टी एनडीए सरकार के साथ संबंधों को तोड़ने पर ”उचित समय” का इंतजार कर रही है।

संगमा ने कहा कि अगर केंद्र सरकार इस बिल को राज्यसभा लेकर जाती है तो हम एक उचित समय पर फैसला करेंगे। एनपीपी मणिपुर और अरुणाचल प्रदेश में भाजपा नेतृत्व वाली सरकार का समर्थन कर रही है तो वहीं एनपीपी नेतृत्व वाले मेघालय डेमोक्रेटिक गठबंधन सरकार को भाजपा समर्थन दे रही है।

उत्तर-पूर्व की अन्य क्षेत्रिय पार्टियों के साथ संगमा ने कई दलों से समर्थन की मांग की है कि अगर यह बिल राज्यसभा में पेश किया जाए तो इसके विरोध में वोट दें। आठ जनवरी को लोकसभा में पहले ही पास हो चुके बिल में बांग्लादेश, पाकिस्तान और अफगानिस्तान के छह गैर-मुस्लिम अल्पसंख्यक समुदायों के शरणार्थियों को नागरिकता देने का प्रावधान है।

सीएम संगमा ने कहा – ”हमने दिल्ली में की नेताओं से मुलाकात की है और उनसे समर्थन की मांग की है कि अगर राज्यसभा में यह बिल पेश हो तो उसके खिलाफ में वोट दें। हम लोग समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी के नेताओं के संपर्क में भी हैं। एनपीपी और कई अन्य पार्टियां इस बिल के खिलाफ हैं, क्योंकि इससे क्षेत्र की जनसांख्यिकी बिगड़ जाएगी।”

यह विधेयक लोकसभा में आठ जनवरी को पारित किया गया था। हालांकि इस बिल को लेकर उत्तर पूर्व में जबरदस्त गुस्सा है और वे भाजपा के खिलाफ भी लामबंद हो रही हैं। करीब ११ पूर्वोत्तर राजनीतिक पार्टियां नागरिकता (संशोधन) विधेयक, २०१६ के खिलाफ एकजुट हुईं हैं और केंद्र सरकार से इसे रद्द करने की अपील करने का फैसला किया था। सिक्किम को छोड़कर अन्य सात पूर्वोत्तर राज्यों की पार्टियों ने दो दिवसीय सम्मेलन में भाग लिया था और एकमत से इस विधेयक का विरोध करने का फैसला किया।

ममता सरकार की ईंट से ईंट बजा देंगे : शाह

सीबीआई-पुलिस मामले में धरना देकर मोदी सरकार को सांसत में डाल देने वालीं बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने   बुधवार को धमकी दी कि ”भाजपा कार्यकर्ता उसकी ईंट से ईंट बजा देंगे”। शाह ने कांग्रेस पर भी जबरदस्त हमला बोला।

उत्तर प्रदेश के अलीगढ में भाजपा की जनसभा में शाह ने कहा – ”ममता दीदी, आपको क्या लगता है कि आप ऐसे भाजपा कार्यकर्ताओं को रोक लोगी।  हमारी सरकार बनने से रोक लोगी। हम भी भाजपा के कार्यकर्ता हैं। आपकी सरकार की ईंट से ईंट बजा देंगे।”

शाह ने जनसभा में यह भी कहा कि बंगाल में मोदी जी के नेतृत्व में २३ की २३ सीटों पर कमल खिलना तय है। शाह ने कहा कि ”सबका साथ-सबका विकास” के मंत्र के साथ मोदी सरकार देश को आगे बढ़ाने का काम कर रही है। ”नरेन्द्र मोदी जी की सरकार द्वारा लाए बजट में पांच लाख तक की सालाना आय वालों को इनकम टैक्स में पूरी छूट देने का काम किया गया है।”

भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि वे आज साफ कहना चाहते हैं कि भाजपा उसी स्थान पर जल्द से जल्द भव्य राम मंदिर निर्माण के लिए पूर्ण रूप से कटिबद्ध है।

योगी की जमकर तारीफ़ करते हुए शाह ने कहा – ”महिलाओं से आज यूपी में छेड़छाड़ करने वालों को उल्टा लटकाकर सीधा करने का काम योगीजी की सरकार ने किया है। योगी आदित्यनाथ की सरकार बनने के बाद प्रदेश में ५०  हजार करोड़ रुपए से अधिक गन्ने का भुगतान किया गया है।”

साढ़े तीन घंटे से राबर्ट वाड्रा से ईडी की पूछताछ

कांग्रेस की महासचिव बनाई गईं प्रियंका गांधी वाड्रा के पति राबर्ट वाड्रा  बुधवार को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के सामने पेश हुए हैं। पिछले करीब साढ़े तीन घंटे से उनसे पूछताछ चल रही है। उन्हें ईडी के आफिस छोड़ने के लिए खुद प्रियंका गांधी आईं और उसके बाद वे कांग्रेस महासचिव का पदभार संभालने कांग्रेस आफिस पहुंचीं।

राबर्ट वाड्रा को धनशोधन मामले की जांच के सिलसिले में प्रवर्तन निदेशालय ने सम्मन किया है। ईडी के दफ्तर पति को छोड़ने के बाद उनकी पेशी पर प्रियंका गांधी ने कहा – ”मैं अपने पति के साथ खड़ी हूं। मैं उन्हें एजेंसी के दफ्तर तक छोड़ने आई थीं।”

गौरतलब है कि इससे पहले दिल्ली की एक अदालत ने धन शोधन मामले में रॉबर्ट वाड्रा को १६ फरवरी तक अंतरिम जमानत दी थी। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने यह मामला दर्ज किया था। विशेष न्यायाधीश अरविंद कुमार ने वाड्रा को छह फरवरी को ईडी के समक्ष पेश होने और जांच में सहयोग करने का निर्देश दिया था

पूरा मामला लंदन स्थित एक सम्पत्ति खरीदने से जुड़ा है, जिसके मालिक कथित तौर पर वाड्रा बताये गए हैं। लंदन के १२, ब्रायनसेट स्क्वायर स्थित इस सम्पति की कीमत १९ लाख पाउंड बताई गयी है। ईडी लंदन में १.९   मिलियन पौंड की संपत्ति खरीद में धनशोधन (मनीलांड्रिंग) के आरोपों की जांच कर रहा है। एजेंसी का दावा है कि यह वाड्रा की संपत्ति है। हालांकि वाड्रा ने इससे इंकार किया है। उधर कांग्रेस का आरोप है कि वाड्रा के खिलाफ ईडी की जांच मोदी सरकार के प्रतिशोध की भावना का उदहारण है।