मीनाक्षी तिवारी, Author at Tehelka Hindi — Tehelka Hindi
मीनाक्षी तिवारी
मीनाक्षी तिवारी
Articles By मीनाक्षी तिवारी
‘बे’ रंगमंच!

सतीश मुख्तलिफ पिछले 15 सालों से रंगमंच से जुड़े हैं. काफी समय से दिल्ली में जुंबिश आर्ट्स नाम का समूह बनाकर नाटक कर रहे हैं. इनका नाटक ‘एकलव्य उवाच’ काफी चर्चित भी रहा है. लेकिन इसके बावजूद जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय के शोधार्थी सतीश के किसी नाटक का मंचन दिल्ली में  

जब कुरान तीन तलाक की इजाजत नहीं देता तो पर्सनल लॉ बोर्ड कौन होता है इसकी पैरवी करने वाला : ज़किया सोमन

बीएमएमए द्वारा प्रधानमंत्री को तीन तलाक पर बैन लगाने को लेकर पत्र लिखा गया था? हां, पर उस पत्र में सिर्फ तीन तलाक की बात नहीं है बल्कि मुस्लिम फैमिली लॉ को विधिवत करने की बात है, उसमें सुधार लाने की जरूरत है तो ये सुधार क्या होंगे ये हमने  

तीन तलाक विवाद : नाइंसाफी नाकुबूल

पिछले साल अक्टूबर में उत्तराखंड के देहरादून की 35 साल की एक शायरा बानो की दुनिया उजड़ गई. उनके पति इलाहाबाद में रहते हैं. वे उत्तराखंड में अपने माता-पिता के घर इलाज के लिए गई थीं, तब उन्हें पति का तलाकनामा मिला, जिसमें लिखा था कि वे उनसे तलाक ले  

‘हिंदी इंटरनेट पर बहुत अकेली है’

हिमोजी बनाने का विचार कैसे आया? हिंदी का अब जो सिलेबस है वो पहले की तरह नहीं है कि आपको सिर्फ मध्ययुगीन प्रेम आख्यान पढ़ाने हैं या सिर्फ तुलसीदास या आधुनिक कवि पढ़ाने हैं. हिंदी के सिलेबस में बहुत बदलाव आए हैं. इंटरनेट है, सोशल मीडिया है, ब्लॉगिंग है, वेब  

‘मित्रो’ को आज अपनी सेक्सुअल डिजायर व्यक्त करने का अधिकार है और इसे उसने अर्जित किया है…

‘मित्रो मरजानी’  के 50 साल पूरे हुए हैं, आज मित्रो को कहां पाती हैं? अब मित्रो सिर्फ एक किताब नहीं रही, समय के साथ-साथ वह एक व्यक्तित्व में बदल गई है. वह अब एक संयुक्त परिवार की स्त्री नहीं है जो हर बात में पीछे रखी जाती है. उसे अपनी  

अगर मैं दुष्यंत कुमार की गजलों को कंपोज करना चाहूं तो शायद ही कोई प्रोड्यूसर तैयार होगा : वरुण ग्राेवर

अगर फूट के न निकले, बिना किसी वजह के, मत लिखो. अगर बिना पूछे-बताए न बरस पड़े, तुम्हारे दिल और दिमाग और जुबां और पेट से, मत लिखो… क्योंकि जब वक्त आएगा, और तुम्हें मिला होगा वो वरदान, तुम लिखोगे और लिखते रहोगे, जब तक भस्म नहीं हो जाते… ये  

‘जुबानी तलाक एक गलत प्रथा है, महिलाओं के सम्मान के लिए इसे खत्म करना जरूरी है’

 देश में कई दशक से धर्म के नाम पर वोट बैंक की राजनीति हो रही है. चुनाव कोई भी हो ‘हम मुस्लिमों के लिए ये कर देंगे, वो कर देंगे’ कहकर उनका सच्चा हितैषी बनने का खेल शुरू हो जाता है. इस शोर में मुस्लिमों की असली परेशानियां सुनने वाला  

हैप्पी टू ब्लीड : मेरी माहवारी तेरी मानसिक बीमारी

13 नवंबर को केरल के प्रसिद्ध ‘सबरीमाला मंदिर’ के त्रावणकोर देवाश्वम बोर्ड के नवनिर्वाचित अध्यक्ष प्रयार गोपालकृष्णन ने मीडिया से बात करते हुए कथित तौर पर ये कहा कि जब तक एअरपोर्ट पर हथियार चेक करने जैसी कोई स्कैन मशीन महिलाओं की ‘पवित्रता’ जांचने के लिए उपलब्ध नहीं होती, तब  

झलक सरहद पार की

पश्चिमी उत्तर प्रदेश के रामपुर जिले में सिविल लाइंस की एक दुकान के बाहर मशहूर पाकिस्तानी अदाकारा सनम सईद का एक आदमकद पोस्टर लगा है. सड़क पर रिक्शों में जातीं स्कूल-कॉलेज की लड़कियां उन्हें पहचानती हैं और अगली बार उस दुकान पर आने की बात भी कहती हैं. अमूमन बॉलीवुडिया  

ग्रीनपीस के एक वालंटियर का इंटरनेशनल हेड कुमी को भेजा गया ई-मेल

अपने सहयोगियों के साथ हुए अन्याय के खिलाफ आवाज उठाने के लिए ग्रीनपीस के कुछ कर्मचारी लगातार इंटरनेशनल ऑफिस से संपर्क कर रहे थे. 26 मई 2015 को ये ई-मेल एक वालंटियर ने इंटरनेशनल हेड कुमी नायडू को भेजा था...