“या तो 19 जुलाई को सरकार हार मानेगी या फिर 20 जुलाई को हम इस तानाशाह हुकूमत को हरा देंगे” — चंद्रशेखर आज़ाद

नई दिल्ली: जंतर-मंतर पर चल रहे कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के विरोध प्रदर्शन में बुधवार को पहुंचे भीम आर्मी प्रमुख और सांसद चंद्रशेखर आज़ाद ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला। प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा, “या तो 19 जुलाई को सरकार हार मानेगी, या फिर 20 जुलाई को हम इस तानाशाह हुकूमत को हरा देंगे।” उनका यह बयान प्रदर्शन के दौरान सबसे प्रमुख राजनीतिक संदेश बनकर सामने आया।

यह प्रदर्शन केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे और कथित परीक्षा अनियमितताओं के खिलाफ जारी आंदोलन का हिस्सा है। आंदोलन बुधवार को 25वें दिन में प्रवेश कर गया। इस दौरान कॉमेडियन कुणाल कामरा भी जंतर-मंतर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों के प्रति अपना समर्थन व्यक्त किया।

चंद्रशेखर आज़ाद ने अपने संबोधन में कहा कि युवाओं की आवाज़ को लंबे समय तक दबाया नहीं जा सकता। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार छात्रों और बेरोजगार युवाओं के मुद्दों पर गंभीरता नहीं दिखा रही है। उन्होंने आंदोलनकारियों से शांतिपूर्ण तरीके से संघर्ष जारी रखने की अपील करते हुए कहा कि लोकतांत्रिक तरीके से अपनी मांग रखना हर नागरिक का अधिकार है।

प्रदर्शन के दौरान आंदोलनकारियों ने शिक्षा व्यवस्था में सुधार, कथित परीक्षा अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच और जवाबदेही तय करने की मांग दोहराई। आंदोलन से जुड़े लोगों का कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस कार्रवाई नहीं होती, तब तक विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा।

इस बीच, आंदोलन में शामिल सोनम वांगचुक की सेहत को लेकर भी चिंता जताई जा रही है। कई सार्वजनिक हस्तियों और विपक्षी नेताओं ने उनकी स्वास्थ्य स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए सरकार से आंदोलनकारियों से संवाद शुरू करने की अपील की है।