तहलका डेस्क
वाशिंगटन /नई दिल्ली। अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने व्हाइट हाउस करेस्पॉन्डेंट्स एसोसिएशन के रात्रिभोज के दौरान हुई गोलीबारी की घटना पर अपनी चुप्पी तोड़ी है। एक हालिया साक्षात्कार में ट्रंप ने बताया कि जब Washington Hilton Hotel के बॉलरूम के बाहर गोलियां चलीं, तो उस वक्त उनके मन में क्या चल रहा था। ट्रंप ने कहा कि जब सुरक्षाकर्मी उन्हें सुरक्षित बाहर निकालने की कोशिश कर रहे थे, तब वह घबराए हुए नहीं थे। इसके उलट, वह खुद देखना चाहते थे कि आखिर वहां क्या हो रहा है।
सीबीएस के ’60 मिनट्स’ कार्यक्रम में बातचीत के दौरान ट्रंप ने उस रात की अफरातफरी का पूरा ब्यौरा दिया। उन्होंने कहा कि वह जिंदगी की सच्चाई को समझते हैं और जानते हैं कि आज की दुनिया में कुछ भी हो सकता है। राष्ट्रपति ने स्वीकार किया कि घटना के समय उन्होंने सीक्रेट सर्विस के कर्मियों का पूरी तरह साथ नहीं दिया, क्योंकि वह स्थिति को करीब से समझना चाहते थे। उनके इसी रवैये के कारण सुरक्षाकर्मियों को उन्हें सुरक्षित स्थान पर ले जाने में सामान्य से अधिक समय लग गया।
ट्रंप ने उस पल को याद करते हुए बताया कि वह एक बेहद सजग सुरक्षा टीम के घेरे में थे, लेकिन उन्होंने बार-बार रुकने की जिद करके उनकी मुश्किलें बढ़ा दी थीं। जब सुरक्षाकर्मी उनसे बार-बार फर्श की ओर झुकने के लिए कह रहे थे, तब वह और मेलानिया नीचे झुक गए और धीरे-धीरे मंच से बाहर निकले। उन्हें शुरुआत में लगा था कि यह बॉलरूम का सामान्य शोर है, लेकिन जल्द ही उन्हें अहसास हो गया कि मामला काफी गंभीर है। Interview के दौरान उस समय तनाव बढ़ गया जब ट्रंप से हमलावर के एक संदेश के बारे में सवाल पूछा गया। संदिग्ध ने हमले से पहले अपने परिवार को भेजे संदेश में ट्रंप को लेकर कुछ आपत्तिजनक बातें लिखी थीं। इस पर प्रतिक्रिया देते हुए ट्रंप ने कहा कि हमलावर एक बीमार इंसान था और उसकी बातों का कोई आधार नहीं है। उन्होंने साक्षात्कारकर्ता पर भी नाराजगी जताई और कहा कि एक प्रतिष्ठित कार्यक्रम में इस तरह की बातें पढ़ना शोभा नहीं देता। ट्रंप ने स्पष्ट किया कि उन्हें उन आरोपों से पूरी तरह बेदाग साबित किया जा चुका है और एक मानसिक बीमार की बातों का उनसे कोई लेना-देना नहीं है।
घटना के बाद राष्ट्रपति ने व्हाइट हाउस करेस्पॉन्डेंट्स एसोसिएशन से एक खास अपील भी की है। उन्होंने मांग की है कि इस रात्रिभोज को अगले 30 दिनों के भीतर दोबारा आयोजित किया जाना चाहिए। ट्रंप का मानना है कि किसी एक व्यक्ति की सनक के कारण इतने बड़े आयोजन को रद्द कर देना गलत संदेश देगा। हालांकि, उन्होंने यह भी जोड़ दिया कि वह वहां जाने के लिए बहुत उत्सुक नहीं हैं क्योंकि वह अपने काम में बहुत व्यस्त हैं, लेकिन वह नहीं चाहते कि यह कार्यक्रम अधूरा रहे।




