राज्यवार Archives | Tehelka Hindi — Tehelka Hindi
आसां नहीं डगर कर्नाटक की

भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह एक रैली में कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैय्या को सबसे भ्रष्ट मुख्यमंत्री बताने के चक्कर में गलती से अपने ही मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार येदियुरप्पा का नाम ले बैठे। हालांकि बगल वालों ने उन्हें उनकी गलती का अहसास करवा दिया। इस पर अपनी गलती को  

सुशासन बाबू नीतीश में भी बेरूखी!

बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भी अब एनडीए में सहयोगी की बजाए बेरूखी पर उतर गए हैं। उन्होंने शुक्रवार (22 मार्च) को सांप्रदायिक शांति किसी भी कीमत पर बनाने के मुद्दे रखने पर भाजपा की खिलाफत की। राज्य में अभी हाल ही हुई पराजय के बाद से भाजपा के नेता सांप्रदायिक  

फडऩवीस सरकार झुकी, किसानों ने ‘लांग मार्च’ वापिस लिया

महाराष्ट्र में छह दिन से चल रहा 200 किलोमीटर ’लांग किसान मार्चÓ खत्म हो गया। इसमें 35 से 50 हज़ार किसानों ने हिस्सा लिया। इनमें महिलाएं भी बड़ी संख्या में थीं। लगभग 200 किलोमीटर चलने से उनके पावों में छाले पड़ गए पर उन्होंने इसकी परवाह किए बगैर मार्च जारी रखा। नासिक से अखिल भारतीय किसान सभा के नेतृत्व में  

विधानसभा चुनावी नतीजों के आते ही त्रिपुरा में व्यापक हिंसा, माकपा चुनाव से हटी

त्रिपुरा में भाजपा की अभूतपूर्व जीत के बाद प्रदेश में भारी हिंसा, लेनिन की दो मूर्तियों को तोडऩे और माकपा के दफ्तरों और कार्यकर्ताओं के घरों-दफ्तरों में आगजनी का दौर- दौरा रहा। खुद राज्यपाल ने इन घटनाओं के निहायत सामान्य माना। माक्र्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के महासचिव सीताराम येचुरी ने अपनी टीम  

धारा-118 पर बवाल: कप में उठा तूफान या गंभीर मामला

हिमाचल में धारा118 फिर विवाद में है। तीन महीने पहले सत्ता में आने वाली भाजपा सरकार इसमें बदलाव करके इसके सरलीकरण की तैयारी कर रही है। इसी धारा में कुछ छूट के तहत भाजपा की पिछली सरकार के वक्त बाबा रामदेव को ज़मीन दी गयी थी। जिसे कांग्रेस की वीरभद्र सिंह  

चुनाव प्रचार में ‘स्पेशल पैकेज’ पर उठा सवाल

बिहार में आंध्रप्रदेश की ही तरह उस ’स्पेशल पैकेज’ की मांग पर जोर देने के लिए ’सुशासन बाबूÓ यानी मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर खासा दबाव है। कुछ समय पहले प्रधानमंत्री जब बिहार आए थे तो उन्होंने एक लाख पच्चीस हज़ार करोड़ का स्पेशल पैकेज बिहार को देने की घोषणा की थी। इस मुद्दे को  

वोट फीसद में थोड़ा भी बदलाव बदल देता है नक्शा

त्रिपुरा विधानसभा चुनावों में माकपा को 46 फीसद वोट मिले हैं। यानी 2013 की तुलना में सात फीसद कम। जबकि भाजपा को 2013 में दो फीसद से कम वोट मिले थे। लेकिन आज त्रिपुरा में भाजपा सत्ता में है क्योंकि इसने एक मोर्चा बनाया जिसे कुल 51 फीसद वोट मिले। वोट हिस्सेदारी में पांच फीसद का अंतर सीटों  

‘पहाड़’ के हाथ से खिसकी सत्ता!

हिमाचल में पहली बार यह हुआ है कि सत्ता के केंद्र में शिमला कहीं नहीं। मुख्यमंत्री से लेकर सत्ता पक्ष भाजपा और विपक्ष कांग्रेस दोनों के सत्ता केंद्र इस विधानसभा चुनाव के बाद निचले हिमाचल को हस्तांतरित हो गए हैं। पिछले चार दशक में ऐसा कभी नहीं हुआ। मुख्यमंत्री निचले  

हिमाचल में जयराम सरकार

जयराम के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेते ही हिमाचल की राजनीति में नए युग का सूत्रपात हो गया। राज्यपाल देव व्रत ने जय राम को प्रदेश के मुख्यमंत्री पद की शपथ दिलाई। यह कार्यक्रम ऐतिहासिक रिज पर आयोजित किया गया। मंच पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ भाजपा अध्यक्ष अमित