राहुल की नई कार्य समिति में कुछ नए, कुछ पुराने चेहरे

दिग्विजय सिंह, सुशील शिंदे, कमल नाथ बाहर

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कांग्रेस का अध्यक्ष बनने के करीब सात महीने बाद राहुल गाँधी ने मंगलवार शाम पार्टी की सर्वोच्च नीति निर्धारण कमिटी कांग्रेस कार्यसमिति (सीडब्लूसी) का पुनर्गठन कर दिया। इसमें वरिष्ठ पार्टी नेताओं को तरजीह देने के साथ कुछ युवा चेहरे भी शामिल किये गए हैं। इस २३ सदस्यीय समिति में किसी वेणुगोपाल, अविनाश पांडे, सैलजा कुमारी भी शामिल किये गए हैं।

रविवार को ही कार्यसमिति के पुनर्गठन के लिए पार्टी अध्यक्ष राहुल गांधी को अधिकृत किया गया था।

पार्टी के 84वें महाधिवेशन में वरिष्ठ नेता गुलाम नबी आजाद ने कार्यसमिति के पुनर्गठन के लिए पार्टी अध्यक्ष को अधिकृत करने का प्रस्ताव पेश किया था जिसका अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) के सदस्यों ने समर्थन किया था।

यदि कार्यसमिति पर नज़र दौड़ाई जाये तो जाहिर होता है की कुछ पुराने सदस्य लम्बे बक्त से इसमें बने हुये हैं। हालाँकि कुछ साल से पार्टी मामलों में तेजतर्रार ढांड से पक्ष रखने वाले दिग्विजय सिंह जैसे नेता बाहर हो गए हैं। मध्य प्रदेश में जिम्मा संभाल रहे कमल नाथ भी बाहर कर दिए गए हैं जिससे इस समभावना को बल मिला है की विधानसभा चुनाव के बाद उन्हें जीतने की स्थिति में मुख्यमंत्री का पास भी दिया जा सकता है। इसी तरह सुशील शिंदे, वीके हरिप्रसाद और सीपी जोशी को भी बहार का रास्ता दिखा दिया गया है। जनार्दन द्विवेदी और मोहन प्रकाश भी नई कार्यसमिति में नहीं हैं।

मंगलवार शाम जारी की गयी सूची के मुताबिक कार्यसमिति में राहुल गांधी, सोनिया गांधी, मनमोहन सिंह, मोती लाल वोरा, गुलाम नबी आज़ाद, मल्लिकार्जुन खड़गे, एके एंटनी, अहमद पटेल, अम्बिका सोनी, ओम्मन चांडी, तरुण गोगोई, सिद्धारमैया, आनंद शर्मा, हरीश रावत, कुमारी सैलजा, मुकुल वासनिक, अविनाश पांडे, किसी वेणुगोपाल, दीपक बाबरिया, ताम्रध्वज साहू, रघुवीर मीणा, गईखंगम और अशोक गहलोत।

इसके अलावा स्थाई आमंत्रित सदस्यों में भी कुछ युवा चेहरे शामिल किये गए हैं जिनमें रणदीप सुरजेवाला, ज्योतिर्दित्य सिंधिया, आरपीएन सिंह, गौरव गोगोई, गुजरता के शक्तिसिंह गोहिल, राजीव सातव और कश्मीर में एक साल पहले तक पीडीपी के बड़े नेता तारिक हमीद करा, जो बाद में कांग्रेस में शामिल हो गए थे को भी कार्यसमिति में जगह दी गयी है। करा २००२ में पीडीपी-कांग्रेस की सरकार में एक मौके पर वित्त जैसे अहम् महकमे के मंत्री रहे थे।

अठारह स्थाई आमंत्रितों में शीला दीक्षित, पी चिदंबरम, ज्योतिर्दित्या सिंधिया, बालासाहब थोराट, तारिक़ हमीद करा, पीसी चाको, जीतेन्द्र सिंह, आरपीएन सिंह, पीएल पुनिया, रणदीप सुरजेवाला, हिमाचल प्रदेश की आशा कुमारी, रजनी पाटिल, राम चन्दर कुंटिया, अनुग्रह नारायण सिंह, राजीव एस सातव, शक्तिसिन गोहिल, गौरव गोगोई और ए छेला कुमार शामिल हैं।

इसी तरह राहुल गांधी ने विशेष आमंत्रितों में भी कुछ नए चहेरे लिए हैं। इनमें हरियाणा के दीपेंद्र हुड्डा और पूर्व मुख्यमंत्री भजन लाल के बेटे कुलदीप बिश्नोई, जितिन प्रसाद, अरुण यादव आदि शामिल हैं। दस विशेष आमंत्रितों में केएच मुनियप्पा, अरुण यादव, दीपेंद्र हुड्डा, जितिन प्रसाद, कुलदीप बिश्नोई के अलावा इंटक, युवा कांग्रेस, एनएसयूआई, महिला कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष और सेवा दाल के मुख्या समन्वयक को शामिल किया गया है।