बटला हाउस मुठभेड़ में शहजाद को उम्रकैद

0
1426

मुठभेड़ पर  क्यों उठा विवाद ?

इस मुठभेड़ पर शुरू से ही सियासत होने लगी थी. पहले सपा नेता अमर सिंह और मुलायम सिंह ने मुठभेेड़ की सत्यता पर सवाल खड़े किए और न्यायिक जांच की मांग की. बाद में कांग्रेस महासचिव दिग्विजय सिंह ने भी आजमगढ़ जाकर बटला हाउस मुठभेड़ को फर्जी करार दिया. हालांकि उनकी सरकार इसे नकारती रही. खुद गृहमंत्री पी चिदंबरम ने कहा कि मुठभेड़ वास्तविक थी और कोई जांच नहीं होगी. 2009 में मानवाधिकार आयोग ने भी मुठभेड़ की सत्यता पर मुहर लगाई थी. इस घटना के बाद आजमगढ़, जहां से सारे आरोपित ताल्लुक रखते थे, में विरोध की लहर फैल गई. अल्पसंख्यकों के एक गुट ने वहां उलेमा काउंसिल नाम से एक राजनीतिक मंच का गठन किया, लेकिन चुनावों में यह प्रयोग असफल रहा.

– प्रदीप सती

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here