दो मैचों में जीरो पर आउट होने के बाद बेचैन थे विराट, शतक लगाकर किया जोरदार कमबैक

लगातार दो मैचों में बिना खाता खोले आउट होने के बाद विराट कोहली भी दबाव महसूस करने लगे थे। लेकिन रायपुर में खेले गए मुकाबले में उन्होंने शानदार वापसी करते हुए नाबाद शतक जड़ा और टीम को जीत दिलाई। मैच के बाद कोहली ने खुलकर बताया कि खराब प्रदर्शन उन्हें अंदर से परेशान कर रहा था।

Virat Kohli | Image Source: PTI
Virat Kohli | Image Source: PTI

नई दिल्ली: भारतीय क्रिकेट टीम के स्टार बल्लेबाज Virat Kohli ने एक बार फिर साबित कर दिया कि बड़े खिलाड़ी मुश्किल वक्त में ही अपनी असली पहचान दिखाते हैं। आईपीएल में लगातार दो मैचों में शून्य पर आउट होने के बाद कोहली दबाव में थे, लेकिन रायपुर में उन्होंने शानदार शतक लगाकर आलोचकों को जवाब दे दिया।

Royal Challengers Bengaluru और Kolkata Knight Riders के बीच खेले गए मुकाबले में कोहली ने 60 गेंदों में नाबाद 105 रन बनाए। उनकी इस शानदार पारी की बदौलत आरसीबी ने मुकाबला छह विकेट से जीत लिया और टीम अंक तालिका में टॉप पर पहुंच गई।

मैच के बाद कोहली ने माना कि लगातार दो मैचों में रन नहीं बना पाने से वह काफी परेशान थे। उन्होंने कहा कि जब खिलाड़ी टीम के लिए योगदान नहीं दे पाता, तो अंदर से बेचैनी बढ़ जाती है। कोहली ने कहा कि उनका हमेशा यही लक्ष्य रहता है कि वह टीम के लिए बेहतर प्रदर्शन करें और जीत में अहम भूमिका निभाएं।

कोहली ने यह भी स्वीकार किया कि दो बार लगातार जीरो पर आउट होने के बाद वह नर्वस महसूस कर रहे थे। हालांकि उन्होंने कहा कि असफलता भी खिलाड़ी को मजबूत बनाती है। उनके मुताबिक दबाव कई बार खेल को और बेहतर करने में मदद करता है और यही चीज उन्हें वापसी के लिए प्रेरित करती है।

इस मुकाबले में कोहली ने आईपीएल करियर का नौवां शतक लगाया। इसके साथ ही उन्होंने एक और बड़ा रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया। वह अब आईपीएल में सबसे ज्यादा मैच खेलने वाले खिलाड़ी बन गए हैं। इस मामले में उन्होंने MS Dhoni और Rohit Sharma को पीछे छोड़ दिया।

हालांकि शतक लगाने के बाद भी कोहली का जश्न ज्यादा बड़ा नहीं दिखा। उन्होंने कहा कि टीम के लिए अंक ज्यादा महत्वपूर्ण हैं और सभी खिलाड़ी सिर्फ जीत के लिए खेलते हैं। कोहली के इस बयान ने यह भी दिखाया कि इतने सालों बाद भी उनके अंदर खेल को लेकर वही जुनून और जिम्मेदारी बनी हुई है।