नई दिल्ली: मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच Iran को बड़ा झटका लगा है। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में हुए एक हमले में ईरानी नौसेना के प्रमुख Alireza Tangsiri की मौत हो गई है। यह घटना ऐसे समय पर हुई है जब पहले से ही क्षेत्र में सैन्य गतिविधियां तेज हैं और हालात बेहद संवेदनशील बने हुए हैं।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, यह हमला एक बड़े सैन्य ऑपरेशन का हिस्सा था, जिसमें रणनीतिक ठिकानों को निशाना बनाया गया। खास तौर पर बंदर अब्बास के आसपास का इलाका, जो ईरान के लिए बेहद अहम माना जाता है, इस कार्रवाई के केंद्र में रहा। यह क्षेत्र अंतरराष्ट्रीय तेल व्यापार के लिए भी काफी महत्वपूर्ण है, इसलिए यहां होने वाली हर गतिविधि का असर वैश्विक स्तर पर पड़ता है।
हालांकि, अभी तक यह साफ नहीं हो पाया है कि यह हमला किसने किया। कुछ रिपोर्ट्स में इसे अमेरिका की कार्रवाई बताया जा रहा है, तो कुछ में इजरायल की भूमिका की आशंका जताई गई है। लेकिन आधिकारिक तौर पर किसी भी पक्ष ने इसकी पुष्टि नहीं की है।
अलीरेजा तंगसीरी ईरान की सैन्य रणनीति के अहम चेहरों में से एक थे। वे इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स की नौसेना के प्रमुख थे और खास तौर पर होर्मुज जलडमरूमध्य की सुरक्षा की जिम्मेदारी संभाल रहे थे। उनकी पहचान एक ऐसे कमांडर के तौर पर थी, जो असमान युद्ध यानी छोटे और तेज हथियारों के जरिए बड़े दुश्मनों को चुनौती देने की रणनीति पर काम करते थे।
दिलचस्प बात यह है कि अपनी मौत से कुछ दिन पहले ही उन्होंने United States को कड़ी चेतावनी दी थी। उन्होंने कहा था कि अगर अमेरिका या उसके सहयोगी ईरान के खिलाफ कोई कदम उठाते हैं, तो उनके ठिकानों को निशाना बनाया जाएगा। उनकी इस चेतावनी के बाद से ही क्षेत्र में तनाव और बढ़ गया था।




