भारत के निर्वाचन आयोग ने रविवार को असम, केरल, तमिलनाडु, पश्चिम बंगाल और केंद्र शासित प्रदेश पुदुच्चेरी में होने वाले विधानसभा चुनावों की तिथियों की घोषणा कर दी है। इसके साथ ही इन सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश में चुनाव प्रक्रिया औपचारिक रूप से शुरू हो गई है।
इन सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश के चुनावों की मतगणना 4 मई 2026 को की जाएगी।
चुनाव तिथियों की घोषणा के साथ ही सभी चुनावी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश में आदर्श आचार संहिता तुरंत प्रभाव से लागू हो गई है। इसके तहत नई सरकारी घोषणाओं, सरकारी विज्ञापनों तथा अधिकारियों के स्थानांतरण पर चुनाव प्रक्रिया पूरी होने तक रोक रहेगी।
निर्वाचन आयोग की प्रेस वार्ता में मुख्य चुनाव आयुक्त ग्यानेश कुमार के साथ चुनाव आयुक्त सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी उपस्थित थे। मुख्य चुनाव आयुक्त ने संवाददाताओं को बताया कि मतदाता सूची का विशेष गहन पुनरीक्षण संविधान के अनुच्छेद 326 के प्रावधानों के अनुसार कराया गया है, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि कोई भी पात्र मतदाता सूची से बाहर न रह जाए और कोई अपात्र व्यक्ति सूची में शामिल न हो।उन्होंने कहा, “शुद्ध मतदाता सूची लोकतंत्र की आधारशिला है।” मुख्य चुनाव आयुक्त ने यह भी कहा कि सटीक और पारदर्शी मतदाता सूची ही स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव सुनिश्चित करने का सबसे महत्वपूर्ण आधार है।
आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर इन राज्यों में राजनीतिक गतिविधियाँ तेज होने की संभावना है और विभिन्न राष्ट्रीय तथा क्षेत्रीय दल आने वाले दिनों में अपने चुनाव अभियान को गति देंगे।




