उत्तर प्रदेश Archives | Tehelka Hindi — Tehelka Hindi
योगी सरकार के एक साल बाद भी विकास को तरसती जनता

लगभग साल ही पहले भाजपा (भारतीय जनता पार्टी) के तेज तर्रार नेता योगी आदित्यनाथ ने देश की सबसे अधिक आबादी वाले और राजनीतिक रुप से महत्वपूर्ण राज्य उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री का पद ग्रहण किया था। तब वे संघ परिवार के सबसे पसंदीदा विकल्प के रूप में उभरे थे। आरएसएस  

गंगा किनारे जाने के लिए टूटेंगी बनारस की गलियां

राज्य सरकार तकरीबन 500 करोड़ रुपए खर्च करके 400 मीटर लंबा एक गलियारा बनाना चाहती है। इससे स्नानार्थियों और तीर्थयात्रियों को गंगा में डुबकी लगाने के बाद फौरन बाबा विश्वनाथ के दर्शन हो सकेंगे। क ाशी विश्वनाथ मंदिर से गंगा किनारे तक आने के रास्ते को चौड़ा करने का उत्तरप्रदेश  

देख लो साकेत नगरी है यही स्वर्ग से मिलने गगन में जा रही

मिथक को अयोध्या में साकार किया मुख्यमंत्री ने। कहते हैं अयोध्या के साधु-संतों की नाराजगी के बाद भी उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री ने सरयू नदी के तट पर राम, जानकी, लक्ष्मण के साथ भव्य छोटी दीपावली मनाई। राम का अयोध्या में आगमन दीपावली पर ही माना जाता है और कहते हैं राम ने  

27 साल का वनवास, दिल्ली की शीला से आस

पिछले महीने की 17 जुलाई को उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में हल्की बौछार पड़ रही थी. कांग्रेस पार्टी ने इस दिन राजधानी में एक रोड शो का आयोजन किया था. अगले विधानसभा चुनावों में शीला दीक्षित को मुख्यमंत्री पद का चेहरा बनाने के बाद एक तरह से यह पार्टी  

केशव के हाथ कमल

कहते हैं कि राजनीति में टोटके खूब चलते हैं. ऐसा ही एक टोटका सत्तारूढ़ भाजपा में चल रहा है. यह टोटका हिंदुत्व, पिछड़ा और चायवाला कंबिनेशन का है. लोकसभा चुनाव में ऐसे ही उम्मीदवार नरेंद्र मोदी ने बड़ी जीत दर्ज की तो अब उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में ऐसे ही  

ग्राम स्वराज का काला सच

पत्नी के चुनाव हारने पर पति ने किया मर्डर, प्रत्याशी की गोली मार कर हत्या, भाई के हारने पर ताऊ को मार डाला, प्रत्याशी के भतीजे को मारी गोली, प्रधानी का चुनाव हारने पर समर्थक को मारी गोली. ये उत्तर प्रदेश में पंचायत और स्थानीय निकाय के चुनाव नतीजे आने  

सवालों के घेरे में डीजीपी की नियुक्ति

नए साल की शुरुआत के साथ ही उत्तर प्रदेश सरकार ने 15 वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को दरकिनार करके एस जावीद अहमद को राज्य का पुलिस महानिदेशक बनाया तो यह तय हो गया कि पुलिस सुधारों की बातें अभी दूर की कौड़ी है. जावीद अहमद 1984 बैच के अधिकारी हैं जो  

गई जमीन अब जान के लाले

इलाहाबाद जिले की करछना तहसील के कचरी गांव में करीब दो महीने से धारा 144 लागू है. पुलिस आैैर ग्रामीणाें में संघर्ष के बाद पूरे गांव में पीएसी तैनात है. गांव के कई घरों में ताले लगेे हैं. गांव सूना  पड़ा है. पुलिस की दहशत से गांव के 70 फीसदी