दुनिया को बेहतर बनाने की ट्रंप और किम की ऐतिहासिक पहल

0
703

जब ट्रंप से पूछा गया कि क्या वाकई किम इस बात पर राजी हुए हैं कि वे एटमी हथियारों का अपना जखीरा नष्ट कर देंगे। तो ट्रंप ने उस पर कहा कि वह सिलसिला शुरू हो रहा है। जल्दी, बहुत जल्दी।

ट्रंप और किम में बातचीत चली तो पांच घंटे लेकिन दोनों राष्ट्राध्यक्षों ने मानवाधिकारों के हनन पर ज़्यादा बातचीत नहीं की। अनुमान है कि आने वाले दिनों में अमेरिका फिर से इस संबंध में उत्तर कोरिया बातचीत करे।

दोनों देशों ने अपने संयुक्त बयान में कहा कि बातचीत का दौर अमेरिकी विदेश मंत्री माइक पोम्पियो और उत्तर कोरियाई अधिकारियों के बीच चलता रहेगा। मुलाकात की अगली तारीख की घोषणा जल्दी ही होगी जिससे पूरे प्रायद्वीप में शांति का आलम रहे।

ट्रंप ने इस मुलाकात पर अपनी खुशी जताई। किम के कंधों पर उन्होंने अपना हाथ रखा और कहा, मेरे लिए यह खासी महत्वपूर्ण बातचीत है। हमारे बीच संबंध और भी प्रगाढ़ होंगे। उधर किम ने उन्हें धन्यवाद देते हुए कहा कि बातचीत की मेज़ पर दोनों देशों का आ पाना आसान नहीं था। पुरानी सोच, पुरानी मान्यताएं और पुराने रीति-रिवाज हमारे संबंधों को उस तरह पनपने नहीं दे रहे थे जिस तरह उन्हें पनपना था। लेकिन हमने तमाम बाधाओं पर कामयाबी पा ली है।

तहलका ब्यूरो